सिंगरौली। Singrauli के मोरवा विस्थापन से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर कलेक्टर गौरव बैनल के अनुरोध पर कोल मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव की अध्यक्षता में जिला प्रशासन और Northern Coalfields Limited (NCL) प्रबंधन के बीच वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई।
बैठक में विस्थापन प्रक्रिया को सुगम, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पूरा करने पर विस्तार से चर्चा की गई।
NCL ने प्रस्तुत की पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन नीति
बैठक की शुरुआत में NCL प्रबंधन ने मोरवा विस्थापन के लिए तैयार की गई Rehabilitation and Resettlement (R&R) Policy की विस्तृत जानकारी दी।
इस दौरान पुनर्वास प्रक्रिया को बिना किसी बाधा के निर्धारित समय में पूरा करने की कार्ययोजना पर विचार-विमर्श किया गया।
कलेक्टर गौरव बैनल ने दिया आधुनिक कॉलोनी का सुझाव
बैठक के दौरान कलेक्टर गौरव बैनल ने सुझाव दिया कि विस्थापित परिवारों को केवल आर एंड आर नीति के तहत आर्थिक मुआवजा देने के बजाय पक्के मकानों वाली व्यवस्थित आवासीय कॉलोनी उपलब्ध कराने का विकल्प भी तैयार किया जाए।
उन्होंने कहा कि एनसीएल और हाउसिंग एजेंसियों के सहयोग से चरणबद्ध तरीके से आधुनिक कॉलोनियों का निर्माण किया जा सकता है।
इन सुविधाओं से होगी लैस नई कॉलोनी
प्रस्तावित कॉलोनी में निम्न सुविधाएं विकसित करने का सुझाव दिया गया
- पक्की सड़कें
- निर्बाध विद्युत व्यवस्था
- नियमित पेयजल आपूर्ति
- ओवरहेड वाटर टैंक
- आधुनिक सीवरेज सिस्टम
- अन्य आवश्यक नागरिक सुविधाएं
कलेक्टर ने कहा कि इससे विस्थापित परिवारों को बेहतर जीवन-स्तर मिलेगा और भविष्य में अवैध कॉलोनियों तथा अतिक्रमण जैसी समस्याओं पर भी नियंत्रण पाया जा सकेगा।
कोल मंत्रालय ने दिए संयुक्त प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश
कलेक्टर के सुझाव पर सकारात्मक रुख अपनाते हुए कोल मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव ने जिला प्रशासन, NCL प्रबंधन और मध्यप्रदेश हाउसिंग बोर्ड को संयुक्त बैठक आयोजित कर विस्तृत प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए।
उन्होंने हाउसिंग बोर्ड, भोपाल की अध्यक्ष (Chairperson) से भी इस विषय पर शीघ्र चर्चा कर योजना को आगे बढ़ाने के निर्देश जारी किए।
बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान
- खनिज अधिकारी आकांक्षा पटेल
- NCL के वरिष्ठ अधिकारी
सहित अन्य संबंधित अधिकारी वर्चुअली उपस्थित रहे।





















