सोशल मीडिया पर पिछले कई दिनों से चल रहा विवाद अब कानूनी लड़ाई में बदल गया है। वरिष्ठ टीवी एंकर अंजना ओम कश्यप (Anjana Om Kashyap)और TV Today Group की ओर से दिल्ली हाई कोर्ट में खान सर समेत 8 लोगों के खिलाफ मानहानि (Defamation) का मुकदमा दायर किया गया है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर सुनियोजित तरीके से उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया।
मामला क्या है ?
हाल के दिनों में NEET परीक्षा, ऑनलाइन शिक्षा और कोचिंग संस्थानों को लेकर सोशल मीडिया पर कई चर्चाएं और बहसें देखने को मिली हैं। इसी दौरान कुछ टीवी डिबेट और सोशल मीडिया प्रतिक्रियाओं ने व्यापक विवाद का रूप ले लिया। अब यह मामला दिल्ली हाई कोर्ट तक पहुंच चुका है, जहां अदालत में दोनों पक्ष अपने-अपने तर्क रखेंगे।
टीवी एंकर अंजना ओम कश्यप और TV Today Group ने खान सर समेत 8 लोगों के खिलाफ दिल्ली हाई कोर्ट में मानहानि का मुकदमा दायर किया है। याचिका में सोशल मीडिया पर चलाए गए कथित बदनामी अभियान का आरोप लगाते हुए विवादित वीडियो और पोस्ट हटाने तथा ₹2 करोड़ हर्जाने की मांग की गई है।
किन लोगों को बनाया गया पक्षकार?
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार दायर याचिका में khan sir, अभिनय शर्मा (अभिनय मैथ्स), बबिता त्यागी, अरविंद भदौरिया सहित कई अन्य सोशल मीडिया अकाउंट्स और प्लेटफॉर्म्स का उल्लेख किया गया है। साथ ही Google, X (पूर्व में Twitter) और Meta को भी पक्षकार बनाया गया है।
क्या हैं याचिका की प्रमुख मांगें?
याचिका में अदालत से कई महत्वपूर्ण मांगें की गई हैं, जिनमें शामिल हैं:
- कथित मानहानिकारक वीडियो और पोस्ट को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से हटाना।
- संबंधित डिजिटल रिकॉर्ड सुरक्षित रखने का निर्देश।
- कथित रूप से बदनामी फैलाने वालों की पहचान उजागर करना।
- ₹2 करोड़ के हर्जाने की मांग।
विवाद की शुरुआत कैसे हुई?
याचिका के अनुसार विवाद की शुरुआत एक टीवी डिबेट से हुई, जिसमें नीट परीक्षा और ऑनलाइन शिक्षा व्यवस्था पर चर्चा के दौरान अंजना ओम कश्यप ने कुछ टिप्पणियां की थीं। इसके बाद कई शिक्षकों और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स ने प्रतिक्रिया दी, जो आगे चलकर बड़े विवाद का रूप ले गई।
याचिकाकर्ताओं का क्या आरोप है?
याचिका में दावा किया गया है कि 30 मई से 4 जून 2026 के बीच सोशल मीडिया पर कई वीडियो, पोस्ट और टिप्पणियां साझा की गईं, जिनमें अंजना ओम कश्यप और उनके संस्थान को निशाना बनाया गया। याचिकाकर्ताओं का आरोप है कि यह केवल आलोचना नहीं थी, बल्कि व्यक्तिगत हमले और प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का प्रयास था।
याचिका में यह भी कहा गया है कि इस विवाद के दौरान परिवार से जुड़ी निजी जानकारियां सार्वजनिक की गईं, जिससे सुरक्षा संबंधी चिंताएं पैदा हुईं।





