सिंगरौली। जिले के बरगवां तहसील क्षेत्र में अवैध मिट्टी खनन के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। ग्राम पचौर स्थित शासकीय तालाब से हो रहे अवैध खनन की सूचना मिलने पर तहसीलदार दीपेंद्र सिंह तिवारी ने टीम के साथ मौके पर पहुंचकर छापामार कार्रवाई की। इस दौरान खनन कार्य में लगी हाईवा गाड़ियों और पीसी मशीन को जब्त कर लिया गया। जानकारी के अनुसार, पचौर के शासकीय तालाब से पीसी मशीन के माध्यम से बड़े पैमाने पर मिट्टी निकाली जा रही थी। निकाली गई मिट्टी को टीएचडीसी परियोजना से जुड़ी सिमकोन कंपनी द्वारा देवरा स्थित निजी रेलवे साइडिंग में डंप कराया जा रहा था।
स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंचा प्रशासन
ग्रामीणों द्वारा अवैध खनन की सूचना प्रशासन को दी गई थी। इसके बाद राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची और जांच की। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि तालाब की खुदाई कर मिट्टी का परिवहन किया जा रहा था। अधिकारियों ने माना कि इस गतिविधि से शासकीय संपत्ति को नुकसान पहुंच रहा था। साथ ही तालाब की जल संग्रहण क्षमता भी प्रभावित हो रही थी। इसके बाद मौके पर मौजूद मशीन और वाहनों को जब्त कर लिया गया।
अवैध खनन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं
तहसीलदार दीपेंद्र सिंह तिवारी ने कहा कि शासकीय भूमि, तालाब और सार्वजनिक संपत्तियों पर किसी भी प्रकार का अवैध खनन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रशासन लगातार निगरानी कर रहा है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
कार्रवाई से खनन माफियाओं में हड़कंप
प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद अवैध खनन से जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है। वहीं ग्रामीणों ने कार्रवाई का स्वागत किया है। उनका कहना है कि तालाबों और शासकीय भूमि को बचाने के लिए ऐसे कदम बेहद जरूरी हैं। ग्रामीणों के अनुसार यदि समय रहते प्रशासन कार्रवाई नहीं करता तो तालाब को भारी नुकसान हो सकता था। इससे क्षेत्र के जल संरक्षण पर भी असर पड़ता।
जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई
फिलहाल मामले की जांच राजस्व एवं खनिज विभाग द्वारा की जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद संबंधित व्यक्तियों और संस्थाओं के खिलाफ खनिज अधिनियम तथा अन्य प्रासंगिक धाराओं के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने साफ किया है कि जिले में अवैध खनन पर लगातार नजर रखी जा रही है और दोषियों के खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे।





