सिंगरौली में मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद् द्वारा स्वैच्छिक संगठनों की एक दिवसीय जिला स्तरीय समीक्षा एवं प्रशिक्षण बैठक का आयोजन जिला पंचायत सभागार में किया गया। कार्यक्रम में जिलेभर से विभिन्न सामाजिक संस्थाओं और स्वैच्छिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जन अभियान परिषद् के शासी निकाय सदस्य कृष्णकांत द्विवेदी रहे। वहीं विशिष्ट अतिथि के रूप में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी जगदीश गोमे, वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता अवनीश द्विवेदी, जिला समन्वयक राजकुमार विश्वकर्मा तथा विकासखंड समन्वयक प्रभुदयाल दाहिया एवं विश्वनाथ रैदास उपस्थित रहे।
मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद् राज्य सरकार के सहयोग से सामाजिक सहभागिता, ग्राम विकास, जनजागरूकता और स्वैच्छिक संगठनों के सशक्तिकरण के लिए विभिन्न कार्यक्रम संचालित करती है। परिषद् समय-समय पर प्रशिक्षण, समीक्षा बैठक और सामाजिक जागरूकता अभियान आयोजित करती रहती है।
भारत माता की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा भारत माता की प्रतिमा पर पुष्पगुच्छ अर्पित कर किया गया। इसके बाद जिला समन्वयक राजकुमार विश्वकर्मा ने अतिथियों का स्वागत करते हुए जन अभियान परिषद् की विभिन्न योजनाओं और गतिविधियों की जानकारी दी।
उन्होंने परिषद् द्वारा संचालित सामाजिक और विकासात्मक कार्यक्रमों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
ग्राम विकास में स्वैच्छिक संगठनों की भूमिका अहम: कृष्णकांत द्विवेदी
मुख्य अतिथि कृष्णकांत द्विवेदी ने अपने संबोधन में कहा कि ग्राम और क्षेत्र के सर्वांगीण विकास में स्वैच्छिक संगठनों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उन्होंने सभी संगठनों से आह्वान किया कि वे शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
उन्होंने कहा,
“सामाजिक क्षेत्र में कार्यरत सभी स्वैच्छिक संगठनों को एक साथ मिलकर कार्य करने की आवश्यकता है, तभी समाज और गांवों का समग्र विकास संभव हो सकेगा।”
सामाजिक विषयों पर विशेष कार्य करने की सलाह
जिला पंचायत सीईओ जगदीश गोमे ने कहा कि प्रत्येक स्वैच्छिक संगठन को किसी एक सामाजिक विषय पर विशेष कार्य करना चाहिए ताकि समाज में उसकी अलग पहचान बन सके।
उन्होंने संगठनों से सामाजिक कार्यों और शासकीय योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने में सहयोग की अपील की। साथ ही शासन द्वारा संचालित विभिन्न जनहितकारी योजनाओं की जानकारी भी साझा की।
प्रशिक्षण कार्यशाला में दी गई तकनीकी जानकारी
कार्यशाला के दौरान वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता एवं विषय विशेषज्ञ अवनीश दुबे ने स्वैच्छिक संगठनों से जुड़े महत्वपूर्ण अधिनियमों, वैधानिक पंजीयन प्रक्रिया और प्रशासनिक प्रावधानों पर विस्तृत तकनीकी जानकारी दी।
उन्होंने संगठनों को विधिक प्रक्रियाओं और प्रशासनिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक रहने की सलाह दी।
बड़ी संख्या में शामिल हुए सामाजिक संगठन
कार्यक्रम में जिले के कई स्वैच्छिक संगठनों और सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इनमें शिवप्रसाद साहू, जगप्रसाद विश्वकर्मा, अमृता शर्मा, नंदगोपाल कोल, विनय चतुर्वेदी, प्रमोद मिश्रा, रजनीश साहू, उमाशंकर बैस, शिवेन्द्रधर द्विवेदी, दिलीप गुप्ता, राम सिंह, विवेकानंद द्विवेदी, रिनू शर्मा, राधा यादव, सविता शाह और सुरेखा गुप्ता सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में ब्लॉक समन्वयक द्वारा सभी अतिथियों और सहभागियों का आभार व्यक्त किया गया।









