सिंगरौली। सिंगरौली जिले में 26 जनवरी गणतंत्र दिवस समारोह पूरे हर्ष, उल्लास एवं देशभक्ति के वातावरण में मनाया गया। जिलेभर में शासकीय कार्यालयों, शिक्षण संस्थानों, नगर पंचायतों, जनपद पंचायतों एवं ग्राम पंचायतों में राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया। मुख्य जिला स्तरीय समारोह राजमाता चूनकुमारी स्टेडियम, बैढ़न में आयोजित किया गया। समारोह की मुख्य अतिथि पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की राज्यमंत्री श्रीमती राधा सिंह रहीं। उन्होंने ध्वजारोहण कर परेड की सलामी ली तथा प्रदेश की जनता के नाम मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के संदेश का वाचन किया।

26 जनवरी को सिंगरौली जिले में गणतंत्र दिवस का पर्व राष्ट्रगौरव, अनुशासन और उल्लास के साथ मनाया गया। शहर से लेकर गांव तक तिरंगे की शान दिखाई दी। हर शासकीय कार्यालय, शिक्षण संस्थान और पंचायत परिसर में देशभक्ति का उत्साह साफ झलकता रहा। जिले का मुख्य समारोह राजमाता चूनकुमारी स्टेडियम, बैढ़न में आयोजित हुआ, जहां पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की राज्यमंत्री श्रीमती राधा सिंह ने ध्वजारोहण कर भव्य परेड की सलामी ली। इसके पश्चात उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का प्रदेशवासियों के नाम संदेश पढ़ा। सुबेदार आशीष तिवारी के नेतृत्व में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल, विशेष सशस्त्र बल, जिला पुलिस, होमगार्ड एवं छात्र-छात्राओं ने अनुशासित और आकर्षक परेड प्रस्तुत कर समारोह को गरिमा प्रदान की। परेड के उप-कमांडर पुष्पेंद्र धुर्वे रहे। कार्यक्रम के दौरान जब रंग-बिरंगे गुब्बारे आकाश की ऊंचाइयों में छोड़े गए, तो पूरा स्टेडियम देशभक्ति के रंग में रंग गया। विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत नृत्य और गीतों ने आज़ादी, एकता और राष्ट्रप्रेम का संदेश दिया। विभिन्न विभागों की झांकियों ने विकास और बदलाव की तस्वीर पेश की। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की “स्वच्छ भारत से आत्मनिर्भर गांव” थीम, वन विभाग की कूनो नेशनल पार्क में चीतों पर आधारित झांकी, पुलिस विभाग की महिला सुरक्षा व साइबर जागरूकता, नगर निगम की स्वच्छ भारत मिशन शहरी 2.0 तथा महिला एवं बाल विकास की बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ झांकी दर्शकों के आकर्षण का केंद्र रहीं। प्रतियोगिताओं में सीनियर परेड में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल प्रथम स्थान पर रहा। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में माता सबरी आवासीय कन्या शिक्षा परिसर, बरगवां ने बाज़ी मारी, जबकि झांकी प्रतियोगिता में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, सिंगरौली को प्रथम पुरस्कार मिला।











