सिंगरौली। उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत जिले में साक्षरता अभियान को सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई। मुख्य कार्यपालन अधिकारी, मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (एमपीएसआरएलएम) भोपाल के निर्देशानुसार विकासखंड चितरंगी, देवसर एवं बैढ़न में समूह सदस्यों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह प्रशिक्षण विकासखंड स्त्रोत समन्वयक एवं आजीविका मिशन के विकासखंड प्रबंधकों के माध्यम से संपन्न हुआ।
ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा की अलख जगाने और हर घर तक साक्षरता पहुंचाने की दिशा में उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत एक प्रेरणादायी पहल सामने आई है। मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के मार्गदर्शन में चितरंगी, देवसर और बैढ़न विकासखंड में समूह सदस्यों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसने साक्षरता अभियान को नई रफ्तार दी। इस प्रशिक्षण में एनआरएलएम की साक्षर दीदियों को डिजिटल अक्षरसाथी बनने का अवसर मिला। कक्षा 8 या उससे अधिक शिक्षित महिलाओं को NILP MP ऐप के माध्यम से साक्षर व्यक्तियों की पहचान और पंजीयन की आधुनिक तकनीक सिखाई गई। प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य तकनीक के जरिए शिक्षा के दायरे को गांव-गांव तक विस्तार देना रहा। कार्यक्रम में बैढ़न क्षेत्र के 6 सीएलएफ की सक्रिय सीआरपी मौजूद रहीं, वहीं जिला शिक्षा विभाग की प्रतिनिधि एवं एनआरएलएम नोडल अधिकारी ने महिलाओं का उत्साहवर्धन किया। चितरंगी के सीटीसी केंद्र और देवसर के मंगल भवन में आयोजित प्रशिक्षण में कुल 230 महिलाओं ने डिजिटल डेटा एंट्री और पंजीयन का व्यावहारिक अभ्यास किया।











