सिंगरौली। जिला अस्पताल सह ट्रामा सेंटर में पदस्थ वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. संदीप भगत की 15 वर्षीय इकलौती पुत्री रीतिमा ने बीती रात अपने निवास पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस दुखद घटना से परिवार सहित पूरे जिले में शोक की लहर फैल गई है।
जिस घर में इलाज और उम्मीद की बातें होती थीं, वहीं बीती रात खामोशी ने सब कुछ बदल दिया। जिला अस्पताल सह ट्रामा सेंटर में पदस्थ वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. संदीप भगत की 15 वर्षीय इकलौती पुत्री रीतिमा ने अपने निवास पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे शहर को स्तब्ध कर दिया है।बताया जा रहा है कि देर रात हुई इस घटना की जानकारी मिलते ही परिजन बदहवास हालत में उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। आत्महत्या के कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं हैं, पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है। रीतिमा की असमय मौत ने न सिर्फ एक परिवार की खुशियां छीनी हैं, बल्कि समाज के सामने भी कई अनकहे सवाल खड़े कर दिए हैं—क्या आज के बच्चे भीतर ही भीतर किसी दबाव से जूझ रहे हैं? क्या हम उनकी चुप्पी को समझ पा रहे हैं?










