आंध्र प्रदेश के काकीनाडा जिले के वेटलापalem गांव में शनिवार दोपहर एक पटाखा फैक्ट्री में भयानक धमाका हो गया। इस हादसे में 21 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। आठ अन्य गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। धमाके की आवाज 5 किलोमीटर दूर तक सुनाई दी। आसपास के खेतों में शव बिखर गए। ग्रामीण उर्वरक की बोरे में शव उठाकर ले जाते नजर आए।
फैक्ट्री के पास खेतों में स्थित होने से रेस्क्यू ऑपरेशन में देरी हुई। कीचड़ भरे धान के खेतों में फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस नहीं पहुंच सकीं। लगातार छोटे-छोटे धमाके होते रहे। ज्यादातर मृतक महिलाएं हैं। कई शव जलकर पहचान में नहीं आए। शरीर के टुकड़े इधर-उधर बिखरे मिले। पुलिस ने बताया कि सूर्य श्री फायरवर्क्स यूनिट में 35 मजदूर काम कर रहे थे। एक केमिकल ड्रम में स्पार्क लगने से आग लगी।

मालिक आदपा नानी फरार बताया जा रहा है। फैक्ट्री का लाइसेंस 31 मार्च तक वैध था। ग्रामीणों का आरोप है कि अनुमति से ज्यादा उत्पादन हो रहा था। मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने मौके का जायजा लिया। गृह मंत्री वंगalapुड़ी अनीता ने रेस्क्यू की निगरानी की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शोक जताया। मृतकों के परिवार को 2 लाख और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता का ऐलान किया।
जिले के पुलिस अधीक्षक जी बिंदु माधव ने कहा कि नौ घायल गंभीर हैं। अस्पतालों में इलाज चल रहा है। घटना ने फैक्ट्री सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस पूर्ण जांच कर रही है। मालिक के खिलाफ कार्रवाई तय है। यह 2014 के बाद सबसे बड़ा पटाखा हादसा है।
स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई। धुआं पांच गांवों तक फैला। एक निजी स्कूल की छत में दरार पड़ गई। राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों को हर संभव मदद का भरोसा दिया है। आधिकारिक अपडेट्स का इंतजार है।









